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मध्यप्रदेश

रतलाम में बेमौसम बारिश से मंडी में दस हजार क्विंटल गेहूं भीगा बिजली गिरने से एक की मौत

रतलाम। शहर व आसपास के अनेक गांवों में शुक्रवार को तेज हवा के साथ जोरदार बारिश हुई। शहर में छोटे-छोटे ओले भी गिरे। बेमौसम बारिश होने से जहां खेतों में खड़ी व कटी हुई रखी गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है, वहीं महू रोड स्थित कृषि उपज मंडी में खुले में रखा करीब दस हजार क्विंटल गेहूं बारिश में भीग गया। वहीं रावटी थाना क्षेत्र के ग्राम खेड़ीखुर्द (धोलावड़) में खेत में रखा सुकला (घांस) को बारिश से बचाने के लिए तिरपाल से ढंकने गए युवक की आकाशीय बिजली गिरने से मौत हो गई।

दो दिन से शहर व ग्रामीण अंचलों में मौसम में बदलाव देखा गया। बादल छाए रहे और 15 मार्च की रात शहर में हल्की बुंदाबांदी हुई थी। वहीं शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे तेज हवा चली और शहर के साथ ही आसपास के गांवों में बारिश शुरू हो गई। कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश हुई। सुबह करीब पौने ग्यारह बजे से 12 बजे तक आसमान में बिजली गड़गड़ाने की जोरदार आवाजों के साथ शहर व आसपास के गांवों में तेज हवा के साथ जोरदार बारिश हुई बारिश से हर तरफ पानी ही पानी हो गया।

मंडी में करीब 400 किसान गेहूं बेचने के लिए लाए थे, हालांकि कई किसानों ने गेहूं से भरी ट्रालियों को तिरपाल से ढग दिया था, इसके बाद भी कई ट्रालियों में ठीक से तिरपाल नहीं ढकने से उनमें रखा गेहूं पानी में भीग गया। वहीं मंडी परिसर में कई व्यापारियों का गेहूं खुले में पड़ा था, बारिश में भीग गया।

उधर, बारिश से खेतों में खड़ी फसल व कटी हुई फसल को भी नुकसान पहुंचा है। किसानों का कहना है कि बारिश से फसल भीगने से गेहूं का दाने की चमक कम हो जाएगी, जिससे दाम कम मिलेगे। एक सप्ताह पहले भी कई गांवों में बारिश होने से गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा था, प्रशासन सर्वे करवा रहा है। सर्वे पूरा नहीं होने से यह पता नहीं चल पाया है कि कितने प्रतिशत का नुकसान हुआ है। अब शुक्रवार को हुई बारिश से नुकसान का प्रतिशत बढ़ जाएगा।

मंडी में नीलामी रूकी

मंडी व्यापारी मनोज जैन ने बताया कि सुबह दस बजे बारिश थमी होने पर गेहूं की नीलामी शुरू हुई थी लेकिन करीब पौने ग्यारह बजे पुन: बारिश शुरू होने पर नीलामी रोक दी गई।दोपहर दो बजे बाद नीलामी शुरू की गई। वहीं मंडी में गेहूं की आवक जोरदार होने से गुरुवार को व्यापारियों ने हजारों क्विंटल की खरीदी की थी। अनेक व्यापारियों का गेहूं मंडी परिसर में रखा था, करीब दस हजार क्विंटल गेहूं बारिश में भीग गया।

सुकला ढंकने गया और आसमानी बिजली गिर गई

ग्राम खेड़ीखुर्द में शुक्रवार सुबह करीब साढ़े सात बजे बारिश होने लगी। किसान मोहन डोडियार पुत्र राधू डोडियार के खेत में सुकला खुले में रखा था। बारिश में सुकला न भीगे, इसके लिए वह तिरपाल ढंकने गया था, तभी उस पर आकाशीय बिजली गिर गई। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर प्रधान आरक्षक विदेश भदौरिया, मोहन का दामाद दयाराम चरपोटा निवासी ग्राम बायड़ी व अन्य स्वजन खेत पर पहुंचे। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया गया। पुलिस के अनुसार पोस्टमार्टम कराकर शव स्वजन को सौंप दिया गया है, जांच की जा रही है।

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