ब्रेकिंग
सुप्रीम कोर्ट में तय सुनवाई टल गई है, भोपाल में रहवासी इलाकों व्यावसायिक उपयोग और अवैध निर्माण खड़े हनुमान मंदिर को लेकर बढ़ा विरोध, उमा भारती ने CM से कहा- निकालें बीच का रास्ता मोदी से मुलाकात पर दुनिया की नजर,दिल्ली पहुंचे चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग, ‘हनुमान अंश’ का बॉक्स ऑफिस पर जलवा बरकरार, 36वें दिन कमाई 200 करोड़ के पार PM मोदी के जन्मदिन पर MP सरकार का बड़ा तोहफा, 17 सितंबर से 50 लाख लोगों की होगी फ्री रजिस्ट्री रायपुर में होगा 14वां इंडिया इंडस्ट्रियल फेयर-2026, सीएम विष्‍णु देव साय मुख्‍य अतिथि हाईकोर्ट सख्त, 7 दिन में दिखाने होंगे अनुमति के दस्तावेज, भोपाल में रिहायशी इलाकों में चल रहे मॉल-हो... दिल्ली में नितिन नवीन से नरोत्तम मिश्रा की मुलाकात, एमपी में सियासी हलचल तेज भोपाल मास्टर प्लान को CM Mohan Yadav की सैद्धांतिक मंजूरी,जन्माष्टमी पर जारी हो सकता है ड्राफ्ट नगर निगम ने शुरू की सीलिंग,भोपाल में रहवासी इलाकों में चल रहे कमर्शियल अड्डों पर बड़ी कार्रवाई
मध्यप्रदेश

इंदौर एयरपोर्ट से हर दो मिनट में संचालित हो सकेगी उड़ान नए एटीसी टावर का भूमिपूजन

इंदौर। देवी अहिल्याबाई होलकर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर नया एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) टावर, फायर स्टेशन, टेक्निकल ब्लाक और कम्युनिकेशन बिल्डिंग का निर्माण किया जा रहा है। शनिवार को इसका भूमिपूजन सांसद शंकर लालवानी ने किया। नया एटीसी टावर बनने के बाद एयरपोर्ट से हर घंटे 30 उड़ानें संचालित की जा सकेंगी। वर्तमान एटीसी टावर की क्षमता कम है। इससे हर घंटे केवल 12 उड़ानें संचालित हो सकती हैं। हालांकि सूत्रों का कहना है कि एटीसी और दूसरे निर्माण कार्य तो जनवरी में ही शुरू हो गए हैं, लेकिन शनिवार को एक बार फिर से सांसद ने इनका भूमिपूजन कर दिया है।

जानकारी के अनुसार एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है और इसी के साथ एयरपोर्ट को अपग्रेड करने का काम भी किया जा रहा है। इंदौर एयरपोर्ट पर करीब 80 करोड़ रुपये की लागत से एटीसी टावर, फायर स्टेशन, टेक्निकल एवं कम्युनिकेशन बिल्डिंग बनने जा रही है। सांसद शंकर लालवानी ने बताया कि वर्तमान एटीसी टावर काफी पुराना हो गया है। ऐसे में इसे अपग्रेड करना ज़रूरी था। नया एटीसी अत्याधुनिक रडार एवं तकनीक से युक्त होगा।

वर्तमान में एयरपोर्ट से हर घंटे 12 उड़ानें लैंड एवं टेक आफ कर सकती हैं, वहीं नए एटीसी टावर बनने से क्षमता दोगुना से ज़्यादा हो जाएगी। साथ ही, समय के साथ इसे अपग्रेड भी किया जा सकता है। एयरपोर्ट की आने वाले कई सालों की जरूरतों को देखते हुए इसे तैयार किया जा रहा है। वर्तमान में इंदौर की टेक्निकल सुविधाओं के साथ एटीसी किसी भी एयरक्राफ्ट को 100 किलोमीटर की दूरी से कंट्रोल कर सकता है।

वहीं नई सुविधाओं के बाद एयरक्राफ्ट 150 किलोमीटर दूर होने पर भी कंट्रोल किया जा सकेगा। अभी इंदौर एयरपोर्ट के कंट्रोल में विमानों के बीच की दूरी 10 मील होना ज़रूरी है, लेकिन अपग्रेडेशन के बाद इसे घटाकर 5 मील तक लाया जा सकता है। इससे एयरक्राफ्ट हैंडलिंग कैपिसिटी बढ़ जाएगी।

किसी भी एयरपोर्ट पर बड़े हवाई जहाजों को उतारने के लिए आवश्यक मापदंडों से सुरक्षा दिए जाने की जरूरत होती है। वर्तमान फायर स्टेशन से बड़े जहाजों को उतरने का अप्रूवल देना संभव नहीं है। नया फायर स्टेशन बनने के बाद बड़े हवाई जहाज के लिए भी सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम इंदौर एयरपोर्ट पर होंग

Related Articles

Back to top button