ब्रेकिंग
बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी का नाम अब होगा ‘वाग्देवी भोजपाल विश्वविद्यालय’, ईसी से प्रस्ताव मंजूर सुशासन तिहार शिविर...78 आवेदनों का मौके पर ही निपटारा:मंदिर हसौद में राशन कार्ड, आधार और श्रम कार्ड ... लाखों टन दुर्लभ खनिज की संभावना,छत्तीसगढ़ में देश की पहली ‘निकल-कॉपर’ खदान में 1.3 किमी तक भंडार मिल... सीएम मोहन यादव ने जानकारी दी, एमपी में यूसीसी जल्द लागू होगी l प्रधानमंत्री मोदी जी के सेवा, सुरक्षा और सुशासन के स्वर्णिम 12 साल सुप्रीम कोर्ट सख्त: फैसले लटकाए तो जवाब देना होगा अब फ्री में नहीं चला सकेंगे Facebook, Instagram और व्हाट्सऐप, Meta ने लॉन्च किया रिचार्ज प्लान सुशासन तिहार से सुखराम के चेहरे पर लौटी मुस्कान 5 घरेलु मसाले जो इम्युनिटी बढ़ने में रामबाण से कम नहीं – जानें इस्तेमाल करने का तरीका मधुमेह को नियंत्रित करने के लिए ग्लाइसेमिक इंडेक्स और ग्लाइसेमिक लोड क्यों महत्वपूर्ण है।
उत्तरप्रदेश

झोपड़ी में आग लगने से बच्चों समेत 5 लोग जिंदा जले

कानपुर : दर्दनाक खबर उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात (kanpur dehat) से सामने आई है। यहां एक झोपड़ी में आग लग जाने की वजह पति-पत्नी और तीन बच्चों की जिंदा जलकर दर्दनाक मौत हो गई।

यह हादसा उस वक्त जब सभी लोग झोपड़ी में सो रहे थे। इस हादसे में सतीश की मां गंभीर रूप से झुलस गई, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। एक साथ पांच मौतों से जिले में हड़कंप मच गया। इस हादसे की सूचना मिलते ही मौके पर फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां पहुंच गई।

इस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन के तमाम अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए। फिलहाल अभी आग लगने की वजह सामने नहीं आ सकी है। प्राप्त समाचार के मुताबिक, यह घटना कानपुर देहात के रूरा थाना क्षेत्र के बंजारा डेरा गांव में हुई है। गांव निवासी सतीश (30), उनकी पत्नी काजल (26) वर्ष और तीन बच्चे अपनी झोपड़ी में सो रहे थे। शनिवार (11 मार्च) देर रात अचानक झोपड़ी में आग लगने से चीख-पुकार मच गई। चीख-पुकार सुनकर मौके पर ग्रामीण भी पहुंच गए।

इस दौरान ग्रामीणों ने फायर ब्रिगेड को सूचना दी और आग बुझाने में जुट गए। लेकिन, आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया और पति-पत्नी समेत 3 मासूमों की जिंदा जलकर मौत हो गई। वहीं, आग बुझाने में सतीश की मां रेशाम भी गंभीर रूप से झुलस गई, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, सभी मृतकों के शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। इस हादसे की सूचना मिलते ही अकबरपुर से दमकल विभाग के जवान गाड़ी लेकर पहुंचे और आग बुझाई।

एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने बताया कि जिस छप्पर के नीचे परिवार सो रहा था वहां एक केबिल लटक रहा था। गांव के लोगों ने भी पूछताछ में बताया है कि छप्पर के नीचे बल्ब लगा था। इससे आशंका है कि रात में परिवार सो गया है इसके बाद शार्ट सर्किट से छप्पर में आग लग गई। इससे परिवार की जलकर मौत हो गई है। उन्होंने कहा कि वह अन्य कारणों की जांच भी करा रहे हैं। फील्ड यूनिक को बारीकी से हर साक्ष्य संकलन के लिए लगाया गया है।

Related Articles

Back to top button