ED की पूछताछ के बाद बेहोश होकर गिरी तेजस्वी यादव की गर्भवती पत्नी, 12 घंटे अधिकारियों ने की पूछताछ

पटना: जमीन के बदले नौकरी दिए जाने के मामले को लेकर ईडी और सीबीआई की टीम लालू प्रसाद यादव के परिवार से पूछताछ कर रही है। मामले को लेकर शुक्रवार को अधिकारियों की टीम ने लालू प्रसाद यादव के परिवार और उनके रिश्तेदारों के खिलाफ दिल्ली, एनसीआर, पटना, रांची, मुंबई समेत कई ठिकानों पर दबिश दी थी। वहीं, खबर आ रही है कि तेजस्वी यादव की गर्भवती पत्नी से भी करीब 12 घंटे तक पूछताछ की गई, जिसके बाद वह बेहोश हो गई।
अब खबर आ रही है कि बिहार के उपमुख्यमंत्री और RJD नेता तेजस्वी यादव अपनी पत्नी के स्वास्थ्य के कारण CBI के सामने पेश नहीं होंगे। ED के छापे के बाद उनकी पत्नी को कल दिल्ली के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वे गर्भवती है,12 घंटे की पूछताछ के बाद BP की समस्या के कारण बेहोश हो गई।
इससे पहले कल देर रात लालू यादव ने ट्वीट कर कहा कि हमने आपातकाल का काला दौर भी देखा है। हमने वह लड़ाई भी लड़ी थी। आधारहीन प्रतिशोधात्मक मामलों में आज मेरी बेटियों, नन्हें-मुन्ने नातियों और गर्भवती पुत्रवधु को भाजपाई ED ने 15 घंटों से बैठा रखा है। क्या इतने निम्नस्तर पर उतर कर भाजपा हमसे राजनीतिक लड़ाई लड़ेंगी?
सिंगापुर नें किडनी ट्रांसप्लांट के बाद दिल्ली में बेटी मीसा भारती के घर पर रुके लालू यादव ने कहा कि संघ और भाजपा के विरुद्ध मेरी वैचारिक लड़ाई रही है और रहेगी। इनके समक्ष मैंने कभी भी घुटने नहीं टेके हैं और मेरे परिवार एवं पार्टी का कोई भी व्यक्ति आपकी राजनीति के समक्ष नतमस्तक नहीं होगा।
ईडी ने जमीन के बदले नौकरी घोटाले में मनी लांड्रिंग के ठोस सुबूत मिलने का दावा किया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री के रूप में लालू के कार्यकाल में कई लोगों को ग्रुप डी की नौकरी मिली। बदले में लालू के परिवार के सदस्यों और एके इन्फोसिस्टम कंपनी के नाम पर उनकी जमीनें बहुत कम कीमत पर ट्रांसफर की गईं। लालू की दो बेटियां रागिनी और चंदा इस कंपनी की पूर्व निदेशक हैं। हेमा यादव को घोटाले से जुड़े दो भूखंड अलग से मिले थे।

