मध्य प्रदेश के बड़वानी में पकड़ी गई कार का साइलेंसर चुराने वाली गैंग

सेंधवा/बड़वानी। मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले में साइलेंसर चोरी करने वाले बदमाशों की गैंग का पर्दाफाश हुआ है। ये बदमाश वाहनों से साइलेंसर चुराकर उसमें से प्लेटिनम पदार्थ निकालकर बेचते थे। इससे हजारों रूपयों की कमाई करते थे। सेंधवा पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपितों से एक कार व साइलेंसर जब्त किए गए हैं। सेंधवा शहर थाना प्रभारी राजेश यादव के अनुसार फरियादी मोहम्मद इमरान पुत्र मोहम्मद हुसैन तेली निवासी एबी रोड आदर्श लाज के पास सेंधवा एवं फरियादी लोकेश पुत्र अशोक चौहान निवासी अंबेडकर कालोनी दोनों ने थाना आकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनकी इको गाड़ी एमपी 04 सी क्यू 6966 एवं एमपी 09 डब्ल्यूई 9532 उनके घर के बाहर खड़ी हुई थी जो कोई अज्ञात बदमाश गाड़ी का साइलेंसर चुरा कर ले गए हैं। जिस पर से अज्ञात आरोपितों के खिलाफ दो अलग-अलग प्रकरण पंजीबद्ध किए गए थे।
कार के साथ साइलेंसर भी किए जब्त
नवागत एसपी पुनीत गेहलोद के निर्देशन में टीम गठित की गई। टीम ने लगातार वैज्ञानिक तकनीकी रूप से विवेचना की। जिससे ज्ञात हुआ कि इस चोरी में इंदौर के आरोपित शामिल है। टीम के द्वारा इंदौर में दबिश दी गई, दबिश के दौरान संदिग्ध मोइनुद्दीन एवं जुनैद खान को पुलिस कस्टडी में लेकर पूछताछ की गई। प्रारंभ में दोनों आरोपित पुलिस को गुमराह करते रहे लेकिन जब टीम ने उसके सामने लगातार एक के बाद एक सवाल रखे तो वह पुलिस के सवालों का उत्तर नहीं दे पाए और अंततः उन्होंने घटना करना स्वीकार की। दोनों आरोपित से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि वह स्विफ्ट कार से चोरी के लिए आए थे और उन्होंने सेंधवा शहर से दो साइलेंसर इको गाड़ी के चुराए थे। पुलिस ने दोनों आरोपितों का रिमांड लेकर इनसे पूछताछ कर इको गाड़ी के दो साइलेंसर इनसे जब्त किए हैं।
इसलिए विशेष वाहन का साइलेंसर चुराते थे
पुलिस के अनुसार वारदात पूछताछ में आरोपित ने बताया कि उन्होंने चौकी बिजासन थाना सेंधवा ग्रामीण एवं ठीकरी क्षेत्र से भी दो साइलेंसर चुराए हैं। दोनों आरोपितों से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि जो ईको गाड़ी है उसके साइलेंसर में प्लेटिनम जैसा पदार्थ, लगभग 900 ग्राम होता है। इस पदार्थ को निकालकर बेचने पर करीब 10 हजार रुपये मिलता है इसलिए यह इको गाड़ी का साइलेंसर चुराते थे। इनके द्वारा साइलेंसर का पावडर इंदौर के दिनेश को बेचा गया है। दिनेश की भी तलाश जारी है। दोनो आरोपितों को न्यायालय में पेश किया गया। जहां से अभी रिमांड लिया गया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। टीम शामिल एएसआई संजय पाटीदार, एएसआई सतीश डावर, आरक्षक आकाश, नीरज डांगरे आदि की सराहनीय भूमिका रही।


