उज्जैन- झालावाड़ रोड अब घोंसला तक ही फोरलेन

उज्जैन। धर्मनगरी उज्जैन से राजस्थान की सरहद झालावाड़ तक 134 किलोमीटर लंबे मार्ग का चौड़ीकरण कार्य एक बड़े संशोधन के साथ जून -2023 तक पूर्ण हो जाएगा। संशोधन ये कि उज्जैन शहर की सीमा (आगर रोड नाका नंबर पांच) से घोंसला तक 27 किलोमीटर लंबा मार्ग अब फोरलेन बनेगा। इसके आगे झालावाड़ तक टू-लेन का निर्माण पूर्ण होने की कगार पर जा पहुंचा है। अच्छी बात यह है कि कंठाल नदी पर पुल बना दिए जाने से उज्जैन से झालावाड़ तक आवागमन चालू हो गया है। कोटा, झालावाड़ से आने वाले यात्री अब इसी मार्ग से उज्जैन आ-जा रहे हैं।
सरकार ने मार्ग चौड़ा करने का निर्णय लिया
राजस्थान, मध्य प्रदेश की बसों का संचालन भी होने लगा है। मालूम हो कि उज्जैन- आगर -झालावाड़ रोड को राष्ट्रीय राज्य मार्ग क्रमांक 552- जी के नाम से जाना जाता है। सिंहस्थ-2004 से पहले यह मार्ग 5 मीटर चौड़ा बनाया गया था। सड़क पर यातायात का दबाव बढ़ने और सड़क दुर्घटनाओं को ध्यान में रख सरकार ने उज्जैन से झालावाड़ तक मार्ग चौड़ा करने का निर्णय लिया।
घोंसला तक ही फोरलेन बन रहा है
वर्ष 2021 में निर्माण शुरू हुआ। अनुबंध अनुसार जून 2023 तक निर्माण कार्य पूरा किए जाने का दावा है। इस बीच हाल ही में उज्जैन से घोंसला तक मार्ग फोरलेन में तब्दील किए जाने का अनुबंध हो गया है। ध्यान देने की बात यह है कि पिछले वर्ष उज्जैन आए केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने उज्जैन से आगर तक 50 किलोमीटर लंबा फोरलेन में तब्दील करने की घोषणा की थी। मगर उज्जैन से घोंसला तक ही मार्ग फोरलेन बन रहा है।
टोल टैक्स प्लाजा बनाया जाएगा
घोंसला से घट्टिया, आगर तक का मार्ग फोरलेन नहीं बन रहा है। हालांकि कोई भी अधिकारी इसके कारणों के बारे में नहीं बता रहा है। ढाबला रेहवारी में टोल टैक्स वसूलने को प्लाजापूरा रोड बनने के बाद पांच साल तक रोड का रखरखाव जीएचवी कंपनी द्वारा किया जाएगा। ढाबला रेहवारी, आगर और पिपलिया गांव में टोल टैक्स वसूलने को प्लाजा बनाया जाएगा।
चौड़ीकरण कार्य, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण से अनुबंधित मुंबई की जीएचवी कंस्ट्रक्शन कंपनी कर रही है। मार्ग निर्माण के दौरान यात्रियों को सुसनेर से डायवर्ट होकर जीरापुर, माचलपुर, बकानी के रास्ते झालावाड़ जाना पड़ता था। मार्ग चौड़ीकरण प्रोजेक्ट 446 करोड़ 78 लाख रुपये का है। इस काम में रोड के दोनों छोर पर पेव्ड सोल्डर बिछाने का काम शामिल हैं।


