बोले कलेक्टर- लाड़ली बहना योजना की प्रक्रिया में लाएं तेजी

जबलपुर। जिले में लाड़ली बहना योजना के तहत आनलाइन आवेदन का काम धीरे-धीरे पटरी पर आ रहा है, लेकिन उसकी रफ्तार बहुत कम है। कलेक्टर ने इसे लेकर चिंता व्यक्त की और मैदानी अफसरों एवं कर्मचारियों को काम में तेजी लाने के लिए निर्देशित किया। कलेक्टर सौरभ कुमार सुमन ने मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत पात्र महिलाओं के आवेदन आनलाइन दर्ज करने की प्रक्रिया की कलेकट्रेट सभागार में समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने प्रतिदिन जनपद वासर जमा हो रहे आवेदनों की जानकारी ली और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
कलेक्टर ने कहा कि मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत भरे गए आवेदन पत्रों की प्रतिदिन समीक्षा की जाएगी। उन्होंने पात्र महिलाओं के आनलाइन आवेदन भरे जाने की दिशा में शहरी क्षेत्र में ज्यादा ध्यान दिए जाने की जरूरत बताई। सौरभ सुमन ने सभी क्लस्टर अधिकारियों को उनके क्षेत्र में लगाए जा रहे शिविरों की नियमित मानिटरिंग करने के निर्देश देते हुए कहा कि क्लस्टर अधिकारियों को लगातार भ्रमण कर उन क्षेत्रों को चिन्हित करना होगा जहां ई-केवायसी ज्यादा संख्या में लंबित हैं। ऐसे क्षेत्रों में पात्र महिलाओं की ई-केवायसी के साथ-साथ आवेदन आनलाइन दर्ज करने मानव संसाधन और मशीनों की संख्या बढ़ाने के निर्देश भी उन्होंने दिए।
कलेक्टर ने मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत ई-केवायसी और आवेदन पत्रों को आनलाइन दर्ज किए जाने के साथ-साथ बैंकों से समन्वय स्थापित कर पात्र महिलाओं के बैंक खातों को आधार से लिंक कराने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आनलाइन रजिस्ट्रेशन के साथ-साथ यह प्रक्रिया भी समानांतर चलनी चाहिए। सुमन ने इसके लिए अधिकारियों की अलग से टीम बनाने के निर्देश दिए। इस समीक्षा बैठक में जिला पंचायत की सीईओ डा. सलोनी सिडाना, नगर निगम आयुक्त स्वप्निल वानखेड़े, अपर कलेक्टर मिशा सिंह एवं संबंधित विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे।
सीएससी सेंटर को सील कराया कलेक्टर ने
मुख्यमंत्री लाडली बहना योजना के तहत पात्र महिलाओं के आवेदन पत्र प्राप्त करने लगाये जा रहे शिविरों का निरीक्षण करने कलेक्टर सौरभ कुमार सुमन ने बरेला के वार्ड क्रमांक बारह स्थित आनलाइन कियोस्क एवं कामन सर्विस सेंटर को सील करा दिया है। नमामि पेन कार्ड सेंटर एंड आनलाइन सर्विसेज नाम के इस कियोस्क सेंटर के विरुद्ध यह कार्रवाई मुख्यमंत्री लाडली बहना योजना की पात्र महिलाओं की ई-केवायसी करने में रुचि नहीं दिखाए जाने पर की गई। इस सेंटर द्वारा नौ मार्च से अभी तक केवल 17 महिलाओं की ही ई-केवायसी की गई थी। कलेक्टर द्वारा निरीक्षण के दौरान जब इस आनलाइन सेंंटर के संचालक से इस योजना को लेकर किए गए प्रयास की जानकारी मांगी गई तो वो कोई वाजिब तथ्य प्रस्तुत नहीं कर पाया। जिसके चले कार्रवाई की गई। इस दौरान एसडीएम जबलपुर पीके सेन गुप्ता, तहसीलदार बरेला रश्मि चतुर्वेदी, मुख्य नगर पालिका अधिकारी प्रियंका झारिया एवं अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।


