OTT पर अश्लील सामग्री के खिलाफ आया साधु समाज अमित शाह और मोहन भागवत के सामने जताया विरोध

हिंदू मंदिरों को सरकारों के नियंत्रण से मुक्ति, समान नागरिक संहिता, ओटीटी पर अश्लील सामग्री जैसे मुद्दों को लेकर एक बार फिर गुजरात से आवाज उठी है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत की मौजूदगी में संतों ने धर्मसभा में इस पर खुलकर चर्चा की। अहमदाबाद में आयोजित धर्मसभा में देश के विभिन्न संप्रदाय, आश्रम व पीठ के धर्माचार्य शामिल हुए। इसमें देश में समान नागरिक संहिता को लागू करने की मांग की गई। द्वारिका शारदा पीठ के शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती ने देश की शिक्षा नीति में धर्म आधारित शिक्षा को शामिल करने की अपील की।
रोक लगाने की दिशा में हो काम
जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरी ने कहा कि दुनिया भारत की ओर देख रही है। मंदिर व मठों को सरकारी नियंत्रण से मुक्त करना चाहिए। ओटीटी प्लेटफार्म पर अश्लील सामग्री परोसे जाने का आरोप लगाते हुए धर्माचार्यों ने कहा कि इस पर रोक के प्रबंध किए जाने चाहिए।
जन संख्या असंतुलन का भी उठा मुद्दा
जनसंख्या असंतुलन को मुद्दा बनाते हुए धर्मसभा में आए संतों ने हिदू धर्म के संरक्षण के लिए आवश्यक कदम उठाने की बात कही। धर्मसभा को संघ प्रमुख मोहन भागवत और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी संबोधित किया।

